Wednesday, October 10, 2007

त्रिलोचन



हिन्दी प्रगतिशील कविता की वृहत्रयी के कवि त्रिलोचन वैशाली सेक्टर ३ मे अपने सुपुत्र अमित प्रकाश और अपनी प्रपौत्री के साथ है। आज चर्चित समकालीन कवि मदन कश्यप के साथ हम उनको देखने गये। वे पहले से स्वस्थ हैं और जब हमलोग वहा बैठे थे, वे नींद मे थे। त्रिलोचन जी के चेहरे मे उनके कर्मठ जीवन की थकान नही, प्रशान्ति की आभा थी। आप भी देखें नींद मे डूबे ९१ वर्ष के महाकवि का चेहरा।
video

8 comments:

jeroen said...

Priya Uday Prakashji

Pahla dhanyavad kahna cahta hu, aapkaa sundar kavitae ke lie. (aur, dusra; maaf kijie, mera burha hindi)

Mai ek phd research un kavitae ke bare mem likhta. (ek aur bad maaf kijie, mera khyal me, sahitya, academics se bara hai).

Mera savaal hai ki sambhav hai ki aap chota email interview karna cahte hai?

Mera email hai: jaya_nl@yahoo.com

Mai aapko savaal mail kar saktaa hai, lekin aapki mail address nahim pata hai.

Aapkaa,

Jeroen Nieuwland

अनूप शुक्ल said...

आपका धन्यवाद कि आपके माध्यम से हम त्रिलोचनजी को देख पाये।

सुभाष नीरव said...

आज के व्यस्ततम और भागम-भाग भरे जीवन में जो थोड़ा समय बचता है, उसमें हम घर-घुस्से होने को विवश हैं, यह त्रासदी महानगरीय जीवन में अधिक है। कई बार चाह कर भी अपने अग्रज,वरिष्ठ और सम्मानीय विभूतियों को नहीं मिल पाते हैं। आपने वरिष्ठ कवि त्रिलोचन जी के न केवल अस्वस्थ होने की सूचना अपने ब्लाग के माध्यम से दी, बल्कि त्रिलोचन जी के दर्शन भी करवाये, इसके लिए हमें आपका आभारी होना चाहिए। बहुत-बहुत धन्यवाद आपका उदय जी!
सुभाष नीरव
9810534373

ANUNAAD said...

आदरणीय उदयप्रकाश जी इस चेहरे को हम तक पहुंचाने के लिए आभार। इस चेहरे और व्यक्तित्व के सम्पर्क में आने-रहने का सौभाग्य कभी मुझे भी मिला था।

शिरीष कुमार मौर्य
please visit me at www.anunaad.blogspot.com

आशीष कुमार 'अंशु' said...

SADHUWAAD

ज़ाकिर अली ‘रजनीश’ said...

आपने यह बहुत अच्छा काम किया। इसी बहाने हम जैसे लोग त्रिलोचन जी के दर्शन कर पाए। आपका बहुत-बहुत आभार

Uday Prakash said...

आभार! ज़ल्द ही महान कवि त्रिलोचन जी पर कुछ और समग्री प्रस्तुत करूगा...

neeraj said...

kya saheb,
MOHANDAS ko dekhne kab nasseb hogo?
agar sambhav ho to kuch clips ya pics blog par post kare.

mai aur sabhi aapke aabhari rahenge

*** nav warsh ki hardik shubkaamnayein sweekar karen ***